MP Rain Alert: मध्य प्रदेश में फिर बिगड़ा मौसम, 48 घंटे भारी बारिश की चेतावनी

भोपाल। मध्य प्रदेश में मानसून एक बार फिर सक्रिय हो गया है। मौसम विभाग ने प्रदेश के कई हिस्सों में अगले 48 घंटे के दौरान भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के ताजा अपडेट के अनुसार 5 सितंबर को पश्चिमी मध्य प्रदेश में कहीं-कहीं बहुत भारी बारिश हो सकती है, जबकि 6 और 7 सितंबर को भी पश्चिमी मध्य प्रदेश में भारी बारिश की संभावना बनी हुई है। पूर्वी मध्य प्रदेश में भी 5 से 8 सितंबर तक भारी बारिश का दौर जारी रहने का अनुमान है।

पश्चिमी MP में सबसे ज्यादा असर

IMD के अनुसार 5 सितंबर को पश्चिमी मध्य प्रदेश में बहुत भारी बारिश की संभावना है। इसके बाद 6 और 7 सितंबर को भी भारी बारिश का सिलसिला जारी रह सकता है। वहीं पूर्वी मध्य प्रदेश के कई इलाकों में 5 से 8 सितंबर के बीच भारी बारिश का अनुमान है। गरज-चमक और आकाशीय बिजली की गतिविधियां भी देखने को मिल सकती हैं।

मौसम विभाग के मुताबिक यह स्थिति मध्य प्रदेश के ऊपर बने मौसम तंत्र और मानसूनी गतिविधियों के कारण बनी हुई है। ऐसे में आने वाले दिनों में मौसम तेजी से बदल सकता है।

भोपाल, इंदौर समेत इन इलाकों पर नजर

राजधानी भोपाल, इंदौर, उज्जैन, देवास, सीहोर, रायसेन, राजगढ़, गुना, विदिशा, सागर, दमोह, छतरपुर, टीकमगढ़, पन्ना, नर्मदापुरम और आसपास के जिलों में बारिश का असर देखने को मिल सकता है।

हालांकि सभी जिलों के लिए बारिश की तीव्रता एक जैसी नहीं रहेगी। कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है, जबकि कुछ इलाकों में अचानक तेज बारिश होने की संभावना है।

दमोह और बुंदेलखंड क्षेत्र में भी मौसम पर नजर रखना जरूरी है। पूर्वी मध्य प्रदेश के लिए IMD ने लगातार कई दिनों तक भारी बारिश की संभावना बताई है।

इंदौर में बारिश से मिली राहत

इंदौर में 4 सितंबर को 17.8 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। रिपोर्ट के अनुसार अगस्त में अपेक्षाकृत कम बारिश के बाद इस बारिश से शहर के वर्षा घाटे में कुछ कमी आई है। बारिश से तापमान और उमस में भी राहत मिलने की उम्मीद है।

हालांकि तेज बारिश के कारण शहरों में सड़क पर पानी भरने, ट्रैफिक प्रभावित होने और निचले इलाकों में जलभराव जैसी समस्याएं भी सामने आ सकती हैं।

नदी-नालों का बढ़ सकता है जलस्तर

लगातार बारिश के कारण मध्य प्रदेश के नदी-नालों और जलाशयों का जलस्तर बढ़ सकता है। जिन इलाकों में पहले से पानी भरा हुआ है, वहां दोबारा तेज बारिश होने पर स्थिति और गंभीर हो सकती है।

ग्रामीण क्षेत्रों में खेतों में पानी जमा होने से फसलों पर भी असर पड़ सकता है। किसानों को स्थानीय मौसम पूर्वानुमान और प्रशासन की सलाह के अनुसार ही कृषि गतिविधियां करने की सलाह दी जाती है।

आकाशीय बिजली से रहें सावधान

बारिश के साथ कई जगह गरज-चमक और बिजली गिरने का खतरा भी रहेगा। IMD के पश्चिमी और पूर्वी मध्य प्रदेश के चेतावनी अपडेट में गरज-चमक और बिजली की गतिविधि का उल्लेख किया गया है।

बारिश के दौरान लोगों को खुले मैदान में खड़े होने, पेड़ के नीचे रुकने और बिजली के खंभों या अन्य विद्युत उपकरणों के पास जाने से बचना चाहिए। यदि तेज बारिश और आंधी शुरू हो जाए तो सुरक्षित स्थान पर रहना बेहतर है।

क्या अगले दिनों में भी जारी रहेगी बारिश?

मौसम विभाग के 5 सितंबर के पूर्वानुमान के अनुसार मध्य प्रदेश में बारिश की गतिविधियां अगले कई दिनों तक बनी रह सकती हैं। पश्चिमी मध्य प्रदेश में 6-7 सितंबर को भारी बारिश और पूर्वी मध्य प्रदेश में 5-8 सितंबर के दौरान भारी बारिश की संभावना दर्ज की गई है। इसके बाद भी कुछ क्षेत्रों में गरज-चमक के साथ बारिश हो सकती है।

इसलिए यह कहना सही होगा कि मध्य प्रदेश में मानसून की सक्रियता अभी खत्म नहीं हुई है और अगले 48 घंटे प्रदेश के कई हिस्सों के लिए महत्वपूर्ण रहेंगे।

प्रशासन और लोगों को सतर्क रहने की जरूरत

भारी बारिश के दौरान प्रशासन को निचले इलाकों, नदी-नालों, पुल-पुलियों और जलभराव वाले क्षेत्रों पर नजर रखने की जरूरत है। लोगों को भी मौसम खराब होने पर अनावश्यक यात्रा से बचना चाहिए।

विशेष रूप से ग्रामीण क्षेत्रों में यदि किसी पुलिया या रपटे के ऊपर पानी बह रहा हो तो उसे पार करने की कोशिश नहीं करनी चाहिए। तेज बहाव का अंदाजा लगाना मुश्किल हो सकता है।

MP Rain Alert: जानें जरूरी बात

  • 5 सितंबर: पश्चिमी MP में कहीं-कहीं बहुत भारी बारिश की संभावना।
  • 6-7 सितंबर: पश्चिमी MP में भारी बारिश का अनुमान।
  • 5-8 सितंबर: पूर्वी MP में भारी बारिश की संभावना।
  • कई इलाकों में गरज-चमक और आकाशीय बिजली का खतरा।
  • निचले इलाकों में जलभराव और नदी-नालों का जलस्तर बढ़ने की संभावना।

नोट: मौसम विभाग के आधिकारिक अपडेट में चेतावनी के रंग और स्तर अलग-अलग क्षेत्रों के लिए अलग हो सकते हैं। इसलिए किसी जिले में “रेड अलर्ट” होने का दावा करने से पहले उस जिले का ताजा IMD जिला-वार बुलेटिन जरूर देखें। IMD के 5 सितंबर के आधिकारिक अपडेट में पश्चिमी मध्य प्रदेश के लिए बहुत भारी बारिश और पूर्वी मध्य प्रदेश के लिए भारी बारिश की चेतावनी दी गई है। 

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